
कभी कभी ऐसा लगता है कि बच्चे का शरीर कमरे में है, लेकिन उसका दिमाग कहीं और दौड़ रहा है। पैर हिलते रहते हैं, हाथ मेज़ पर टिकते नहीं और मुँह से अपने आप इंजन की आवाज़ें निकलने लगती हैं। ऐसे ही एक पल में Calavera सामने आता है। न डराने वाला, न भारी भरकम, बल्कि एक ऐसा किरदार जो देखते ही बच्चे का ध्यान खींच लेता है और कहता है, चलो कुछ मज़ेदार करते हैं।
Calavera का लुक सबसे पहले नजर पकड़ता है। खोपड़ी वाला चेहरा किसी डर की कहानी जैसा नहीं लगता, बल्कि हिम्मत, स्टाइल और थोड़ी सी शरारत का एहसास देता है। बच्चे इसे देखकर तुरंत समझ जाते हैं कि यह कोई साधारण ट्रक नहीं है। इसमें अपनी अलग पहचान है। जैसे ही वे तस्वीर देखते हैं, दिमाग में रेस शुरू हो जाती है। तेज़ रफ्तार, उछाल, तालियाँ और एक बड़ा मैदान सब कुछ अपने आप बन जाता है।
जब इस पेज को प्रिंट किया जाता है, तो वह कागज़ सिर्फ कागज़ नहीं रहता। वह एक खुला मैदान बन जाता है, जहाँ Calavera पूरी आज़ादी से दौड़ सकता है। कुछ बच्चे तुरंत रंग उठा लेते हैं और बिना सोचे समझे रंग भरना शुरू कर देते हैं। उनके लिए यह पल की खुशी होती है। कुछ बच्चे पहले थोड़ा रुकते हैं, सोचते हैं कि आज Calavera कैसा दिखेगा, कौन से रंग उसे और दमदार बनाएँगे। यह सोचने की प्रक्रिया भी उतनी ही मज़ेदार होती है।
जैसे ही बच्चे रंग भरना शुरू करते हैं, कहानी अपने आप बनती जाती है। गहरे और चमकीले रंग अक्सर पहले चुने जाते हैं, क्योंकि वे Calavera की ताक़त और आत्मविश्वास को दिखाते हैं। कहीं लाल, कहीं काला, कहीं हरा या नीला। बच्चे बीच बीच में कुछ नया जोड़ देते हैं। कोई लाइन जो थोड़ी टेढ़ी हो जाती है, वह रेस का निशान बन जाती है। कोई रंग जो बाहर निकल जाए, वह धूल का असर बन जाता है। यहाँ सब कुछ कहानी का हिस्सा बन जाता है।
बहुत से बच्चे रंग भरते हुए बोलते रहते हैं। वे बताते हैं कि Calavera सबसे तेज़ है, कि कोई उसे पकड़ नहीं सकता, कि वह हर बार सबको चौंका देता है। कभी कभी पूरा कमरा शांत हो जाता है। यह वह शांत माहौल होता है जिसमें बच्चा पूरी तरह अपने काम में डूबा होता है। माता पिता तुरंत पहचान लेते हैं कि यह अच्छा समय है। न कोई स्क्रीन, न कोई शोर, सिर्फ कल्पना और ध्यान।
Calavera का रिश्ता Monster Jam की दुनिया से अपने आप जुड़ जाता है। बच्चे को नियमों की ज़रूरत नहीं होती। वह सिर्फ़ यह महसूस करता है कि यह एक बड़ा और रोमांचक शो है। उसके दिमाग में Calavera भीड़ से भरे मैदान में दौड़ता है, उछलता है और सबको हैरान करता है, बिल्कुल किसी बड़े Monster Jam की तरह। लेकिन यहाँ सब कुछ बच्चे के हिसाब से चलता है।
सबसे अच्छी बात यह है कि यहाँ कोई गलती नहीं होती। अगर रंग लाइन के बाहर चला जाए, तो वह ग़लती नहीं मानी जाती। वह रफ्तार का असर बन जाती है। अगर कोई आकृति सही न लगे, तो वह किसी पुराने मुकाबले की याद बन जाती है। यह आज़ादी बच्चे को आत्मविश्वास देती है। वह डरता नहीं, बल्कि खुलकर रंग भरता है, ड्रॉ करता है और नए आइडिया आज़माता है।
धीरे धीरे यह गतिविधि सिर्फ़ समय बिताने का तरीका नहीं रहती। जब बच्चा बार बार रंग भरता और ड्रॉ करता है, तो वह फैसले लेना सीखता है। वह समझता है कि एक ही किरदार को अलग अलग तरीकों से दिखाया जा सकता है। आज Calavera गुस्से में लग सकता है। कल वही थोड़ा मज़ाकिया दिख सकता है। बस रंग बदलो और कहानी बदल जाती है। इसी वजह से बच्चे फिर से प्रिंट करने की माँग करते हैं।
अगर भाई बहन या दोस्त साथ बैठ जाएँ, तो मज़ा और बढ़ जाता है। हर किसी का अपना Calavera होता है। कोई कहता है उसका वाला ज़्यादा तेज़ है। कोई कहता है उसका ज़्यादा मज़बूत है। हँसी मज़ाक शुरू हो जाता है। बड़े लोग बस सुनते हैं, थोड़ा तारीफ़ करते हैं और बच्चे पूरे उत्साह से अपनी कहानी बताते हैं।
जब रंग भरने और ड्रॉ करने का काम पूरा हो जाता है, तो यह पेज अक्सर किसी खास जगह पर चला जाता है। दीवार पर, फ्रिज पर या ड्रॉइंग फाइल में। हर बार जब बच्चा उसे देखता है, उसे याद आता है कि उसने खुद कुछ बनाया है। यह एहसास बहुत खास होता है।
Calavera के साथ रंग भरना किसी पढ़ाई जैसा नहीं लगता। यह काम जैसा भी नहीं लगता। यह खेल जैसा लगता है। लेकिन इसी खेल के बीच बच्चा ध्यान लगाना, कल्पना करना और खुद पर भरोसा करना सीखता है। यही इसकी सबसे बड़ी ताक़त है।
और जब आखिर में वही सवाल आता है कि क्या एक और पेज प्रिंट कर सकते हैं, तो जवाब देना आसान हो जाता है। हाँ, बिल्कुल। क्योंकि Calavera हर बार नई कहानी बन जाता है। और जब तक कल्पना चलती रहती है, यह मज़ा कभी खत्म नहीं होता।

सिर्फ पाँच साल की उम्र में, गुस्तावो ने रंग भरने वाले चित्र प्रिंट करने की एक छोटी-सी इच्छा को एक ऐसी सोच में बदल दिया, जो आज 150 देशों से भी ज्यादा बच्चों को प्रेरित करती है।
इसी तरह Imprimivel.com की शुरुआत हुई, एक प्रोजेक्ट जिसे उन्होंने अपने पापा, जीन बेर्नार्डो, के साथ मिलकर बनाया, ताकि 10 भाषाओं में रंग, कल्पना और खुशी फैलाई जा सके, और दुनिया भर में 800 मिलियन बच्चों तक यह जादू पहुँच सके।
आज गुस्तावो उत्साह से उन थीम्स और किरदारों को चुनने में मदद करता है, जो दूसरे बच्चों के चेहरे पर मुस्कान ला सकें, और उसके पापा उसकी छोटी-छोटी आइडियाज़ को प्यार से हकीकत में बदल देते हैं।
